धारा 135 की उपधारा (1-क ) कतिपय परिस्थितियों में कनेक्शन काटने के लिए प्रधिकारियो को क़ानूनी शक्ति प्रदान करती है | धारा 135 की उपधारा (1-क ) की संवेधानिकता,चुनोती के अधीन नही है | ( द होटल आदित्याज लि.विरुद्ध एम.पी. क्षेत्र विधुत वितरण कम्पनी लि.और अन्य 2015 (1 ) एम .पी.एच .टी . 81)
136. विधुत लाइनों और सामग्री की चोरी- (1) जो कोई बेईमानी से –
(क ) किसी टावर, पोल, किसी अन्य संश्थापन या संस्थापना के स्थान या किसी अन्य स्थान या स्थल, जहा वह अधिकारपूर्वक या विधिपूर्वक भंडारीत किया गया, जमा किया गया, रखा गया, स्टाक किया गया, स्थित या अवस्थित किया गया हो, जीसके अंतर्गत परिवहन के दोरान अवस्थित करना भी है, यथास्थित अनुज्ञप्तिधारी या स्वाभ की सहमती के बिना कोई इलेक्ट्रॉनिक लाइन,सामग्री या मीटर कटेगा या हटाएगा,या ले जाता है या अंतरित करता है चाहे वह कार्य,लाभ या अभिलाभ के लिए किया गया या गया हो या नही ; या..
(ख ) सामग्री किसी विधुत लाइन, सामग्री या मीटर को स्वामी की सहमति के बिना भंडारित करेगा, कब्जे में रखेगा या अन्यथा अपने परिसर में,अभिरक्षा में या नियन्त्रण में रखेगा, चाहे वह कार्य लाभ या अभिलाभ के लिए किया गया हो या नही; या ..
(ग) किसी विधुत लाइन, सामग्री या मीटर को स्वामी की सहमती के बिना लदेगा, ले जायगा,पोत परिवहन करेगा या एक स्थान से दुसरे स्थान को ले जाएगा, चाहे वह कार्य लाभ या अभिलाभ के लिए किया गया हो या नही,,
विधुत लाईनों और सामग्री की चोरी का अपराध किया गया कहा जाएगा और वह कारावास से जिसकी अवधि तीन वर्ष तक की हो सकेगी या जुर्माना से या दोनों से दंडनीय होगा |
(2) यदि कोई व्यक्ति जिसे, उपधरा (1) के अधीन दंडनीय किसी अपराध के लिए सिद्धदोष ठराया गया है, उसे उपधारा के अधीन दंडनीय किसी अपराध का पुन; दोषी है तो वह दुसरे और पशचातवती अपराध के लिए, और कारावास से, जिसकी अवधि छह माह से कम की नही होगी किन्तु पाच वर्ष तक की हो सकेगी, दंडनीय होगा और जुर्माना का भी, जो दस हजार रुपए से कम का नही होगा, दायी होगा |
137. चुराई गई सम्पति प्राप्त के लिए दंड – जो कोई, किसी चुराई गई विधुत लाइन या सामग्री को यह जानते हुए यह विस्वास करने का कारण रखते हुए की वह चुराई गई सम्पत्ति है, बेईमानी से प्राप्त करेगा,वह दोनों में से किसी भी भाति के कारावास से, जिसकी अवधि तीन वर्ष तक की हो सकेगी या जुर्माने से, या दोनों से दंडनीय होगा |
137. अनुज्ञप्तिधारी के मीटरों या संकर्मो से छेडछाड –(1) जो कोई -
(क) किसी मीटर, सूचक या साधित्र को किसी ऐसे विधुत लाइन से जीसके माध्यम से; अनुज्ञप्तिधारी द्वारा विधुत प्रदाय की जाती है, अप्राधिक्र्त रूप से संयोजित करेगा या उसे ऐसी विधुत लाइन से वियोजित करेगा; या
(ख) किसी मीटर, सूचक या
إرسال تعليق